जोशीमठ घाटी में संपर्क टूटने के बाद हुआ हादसा
उत्तराखंड के चमोली जिले में जोशीमठ और बद्रीनाथ के बीच शुक्रवार को एक निजी विमानन कंपनी का हेलिकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हेलिकॉप्टर में मुख्य पायलट समेत कुल 6 लोग सवार थे। प्राप्त जानकारी के अनुसार, हेलिकॉप्टर ने दोपहर करीब 1:15 बजे बद्रीनाथ से देहरादून स्थित सहस्रधारा हेलीपैड के लिए अपनी उड़ान भरी थी।
उड़ान भरने के कुछ ही समय बाद जब चॉपर जोशीमठ घाटी के ऊपर से गुजर रहा था, तभी अचानक एयर ट्रैफिक कंट्रोल से उसका रेडियो और रडार संपर्क पूरी तरह टूट गया। इसके बाद जीपीएस और एविएशन ट्रैकिंग सिस्टम पर भी हेलिकॉप्टर की लाइव लोकेशन दिखनी बंद हो गई। भारतीय सेना और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जोशीमठ के पास हेलिकॉप्टर के क्रैश होने की आधिकारिक पुष्टि की है। बद्रीनाथ हेलिकॉप्टर क्रैश की सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके के लिए रवाना हो गईं।
खराब मौसम के बीच जेपी डैम के पास दिखा धुआं
यह भीषण हादसा ऐसे समय में हुआ है जब उत्तराखंड के पर्वतीय अंचलों में मौसम बेहद खराब बना हुआ है और ऊंचाई वाले इलाकों में लगातार बारिश व बर्फबारी हो रही है। राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की रेस्क्यू टीमें राहत और बचाव कार्य के लिए दुर्गम पहाड़ी पर चढ़ाई कर रही हैं। चमोली के पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) मदन सिंह बिष्ट ने बताया कि घटना से जुड़े तमाम पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है।
उधर, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदकिशोर जोशी के मुताबिक, जेपी डैम के ठीक ऊपर स्थित घने जंगलों में सफेद रंग की किसी अज्ञात वस्तु में भीषण आग लगने की सूचना मिली है, जिसकी पुष्टि के लिए सेना के अन्य हेलिकॉप्टर भेजे गए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पहाड़ी पर खड़े स्थानीय लोगों ने चॉपर के असंतुलित होकर नीचे खाई में गिरने का वीडियो भी अपने मोबाइल कैमरों में कैद किया है। इस दर्दनाक बद्रीनाथ हेलिकॉप्टर क्रैश ने पहाड़ी उड़ानों की सुरक्षा पर दोबारा सवाल खड़े कर दिए हैं।
ट्रांस भारत एविएशन की सभी उड़ानों पर रोक
दुर्घटनाग्रस्त हुआ यह हेलिकॉप्टर निजी कंपनी ‘ट्रांस भारत एविएशन प्राइवेट लिमिटेड’ का था। इसमें मुख्य पायलट कैप्टन हिमांशु के अलावा 5 अन्य यात्री सवार थे, जिनकी पहचान प्रतापा, अरुण, शंकर गौड़ा, सुधीर के. और एचएस नटराज के रूप में की गई है। हादसे के तुरंत बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय और प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए ट्रांस भारत एविएशन के सभी हेलिकॉप्टरों के संचालन पर अस्थाई रोक लगा दी है।
केंद्र सरकार के आंकड़ों के अनुसार, उत्तराखंड में वर्ष 2020 से जुलाई 2025 तक 7 हेलिकॉप्टर क्रैश हुए थे, जिनमें 21 लोगों की मौत हुई थी, जबकि 2023 से 2025 के बीच 6 हादसे दर्ज किए गए। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि जोशीमठ के चैन गांव के पास यह दुखद हादसा हुआ है और प्रशासन को घायलों के त्वरित उपचार के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन द्वारा बद्रीनाथ हेलिकॉप्टर क्रैश के कारणों की तकनीकी जांच के आदेश जारी कर दिए गए हैं।


