इंदौर में RSS अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल बैठक: मोहन भागवत और 408 पदाधिकारी जुटे

  • November 3, 2026
  • 0
  • 2 Views
इंदौर आरएसएस बैठक में मंच पर उपस्थित सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत और दत्तात्रेय होसबाले

डेली कॉलेज में राष्ट्रीय कार्यकारी मंडल का चिंतन सत्र

मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर के प्रतिष्ठित डेली कॉलेज परिसर में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के अखिल भारतीय कार्यकारी मंडल की तीन दिवसीय राष्ट्रीय बैठक सोमवार से औपचारिक रूप से प्रारंभ हो गई है। इस महाबैठक में संघ के सर्वोच्च नेता यानी सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत, सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले और संगठन के सभी छह सह-सरकार्यवाह सहित देश के सभी प्रांतों से करीब 408 प्रमुख और वरिष्ठ पदाधिकारी व्यक्तिगत रूप से उपस्थित हैं।

आगामी 4 नवंबर तक चलने वाले इस विस्तृत चिंतन शिविर में संघ के शताब्दी वर्ष (1925-2025/26) के उपलक्ष्य में देश भर में आयोजित किए गए राष्ट्रव्यापी कार्यक्रमों की व्यापक समीक्षा की जा रही है। मध्य भारत में आयोजित हो रही यह इंदौर आरएसएस बैठक संगठन की भविष्यगामी नीतियों और सामाजिक समरसता की दिशा तय करने में बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

1 साल में खुलीं 13 हजार नई शाखाएं, 65 हजार हिंदू सम्मेलन

बैठक के एजेंडे की आधिकारिक जानकारी देते हुए अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर ने बताया कि संघ ने पिछले एक वर्ष के भीतर संगठन के भौगोलिक विस्तार में अभूतपूर्व सफलता अर्जित की है। इस अल्प अवधि में देश भर के दूरदराज के क्षेत्रों, ग्रामीण बस्तियों और महानगरीय मोहल्लों में 13 हजार से अधिक नई दैनिक शाखाएं शुरू की गई हैं।

इसके साथ ही सामाजिक जागरण और सांस्कृतिक चेतना जगाने के उद्देश्य से पिछले एक साल में 65 हजार से अधिक विशाल हिंदू सम्मेलनों का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इन वृहद आयोजनों से प्राप्त अनुभवों और स्थानीय समाज की प्रतिक्रिया के आधार पर आगामी वर्षों की कार्ययोजना पर गहन विचार-विमर्श किया जा रहा है। इन उपलब्धियों की समीक्षा के साथ इंदौर आरएसएस बैठक में शताब्दी विस्तारकों के कामकाज का भी विस्तृत लेखा-जोखा रखा जा रहा है।

11 क्षेत्रों और 46 प्रांतों का शीर्ष नेतृत्व जुटा

सुनील आंबेकर ने रेखांकित किया कि इस अखिल भारतीय बैठक में संघ के संगठनात्मक ढांचे के अनुसार देश के सभी 11 क्षेत्रों और 46 प्रांतों के संघचालक, सह-संघचालक, कार्यवाह, सह-कार्यवाह, प्रांत प्रचारक और सह-प्रांत प्रचारक पूर्णकालिक रूप से हिस्सा ले रहे हैं। बैठक के दौरान पर्यावरण संरक्षण, कुटुंब प्रबोधन (पारिवारिक मूल्य), सामाजिक समरसता, नागरिक कर्तव्य और स्वदेशी आचरण जैसे पंच-परिवर्तन के संकल्पों को जन-जन तक ले जाने का रोडमैप तैयार किया जा रहा है।

सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत प्रतिदिन विभिन्न सत्रों में स्वयं उपस्थित रहकर प्रांतवार प्रगति प्रतिवेदनों का अवलोकन कर रहे हैं और पदाधिकारियों को मार्गदर्शन दे रहे हैं। इस प्रकार वर्तमान सामाजिक और राष्ट्रीय परिप्रेक्ष्य में आयोजित यह इंदौर आरएसएस बैठक राष्ट्र निर्माण के संकल्पों को नई ऊर्जा प्रदान करने में जुटी है।