तस्वीरों में तबाही का वो मंजर है…जहां कभी सड़कें थीं, वहां अब सिर्फ मलबा है…जहां घर थे, वहां कीचड़ और पत्थरों का ढेर है…और जहां जिंदगी थी,...
तस्वीरों में तबाही का वो मंजर है…जहां कभी सड़कें थीं, वहां अब सिर्फ मलबा है…जहां घर थे, वहां कीचड़ और पत्थरों का ढेर है…और जहां जिंदगी थी,...