दिल्ली-गुड़गांव के बीच जाम से राहत की तैयारी
नई दिल्ली: दिल्ली-गुड़गांव के बीच रोजाना सफर करने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर है। गुड़गांव यानी गुरुग्राम के शंकर चौक और साइबर सिटी के आसपास लगने वाले ट्रैफिक जाम से जल्द राहत मिलने की उम्मीद है। नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी NHAI ने ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए दो नए रोड स्ट्रक्चर बनाने को सैद्धांतिक मंजूरी दे दी है।
इन दोनों प्रोजेक्ट्स की कुल अनुमानित लागत करीब 300 करोड़ रुपये बताई गई है। दोनों प्रोजेक्ट्स को अपने खर्च पर बनाए जाने की योजना है। इनका मुख्य उद्देश्य दिल्ली-गुड़गांव के बीच आने-जाने वाले वाहनों के दबाव को कम करना और शंकर चौक तथा साइबर सिटी के आसपास ट्रैफिक फ्लो को बेहतर बनाना है।
प्रस्तावित अंडरपास का उद्देश्य फेज-3 से आने वाले ट्रैफिक को मुख्य फ्लो से अलग करना है। इससे शंकर चौक पर वाहनों का दबाव कम करने में मदद मिल सकती है। वर्तमान में अलग-अलग दिशाओं से आने वाला ट्रैफिक शंकर चौक के आसपास एक साथ जुड़ जाता है। इसके कारण यहां वाहनों का दबाव काफी बढ़ जाता है। खासकर पीक टाइम में वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण जाम की स्थिति पैदा होती है। प्रस्तावित अंडरपास इस ट्रैफिक को मुख्य यातायात प्रवाह से अलग करने में मदद करेगा। इससे शंकर चौक की तरफ आने वाले वाहनों के लिए आवाजाही आसान होने की उम्मीद है।
साइबर सिटी के पास यू-टर्न से भी कम होगा दबाव
योजना में साइबर सिटी के पास यू-टर्न को लेकर भी व्यवस्था शामिल है। फिलहाल अलग-अलग दिशाओं से आने वाले वाहनों को कई जगहों से घूमकर शंकर चौक की तरफ आना पड़ता है। इसके कारण ट्रैफिक का अतिरिक्त दबाव बनता है। प्रस्तावित व्यवस्था का उद्देश्य वाहनों की आवाजाही को अधिक व्यवस्थित करना और मुख्य सड़क पर अनावश्यक ट्रैफिक को कम करना है। गोल्फ कोर्स रोड और सर्विस रोड की क्षमता बढ़ाने की योजना भी ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर करने का हिस्सा है। इससे मुख्य सड़क पर आने वाले वाहनों के दबाव को कम करने में मदद मिल सकती है।
NHAI की ओर से प्रस्तावित दोनों रोड स्ट्रक्चर की कुल अनुमानित लागत करीब 300 करोड़ रुपये बताई गई है। दोनों प्रोजेक्ट्स को अपने खर्च पर बनाए जाने की योजना है। इन परियोजनाओं के जरिए दिल्ली की ओर जाने वाले वाहनों और गुरुग्राम की तरफ आने-जाने वाले ट्रैफिक को अलग-अलग व्यवस्थित करने का प्रयास किया जाएगा। दिल्ली-गुड़गांव मार्ग पर लगातार बढ़ती आवाजाही को देखते हुए इन परियोजनाओं को ट्रैफिक व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
DLF डाउनटाउन प्रोजेक्ट से बढ़ने वाली आवाजाही को ध्यान में रखा गया
खबर के अनुसार DLF डाउनटाउन प्रोजेक्ट से आने वाले समय में वाहनों और लोगों की आवाजाही बढ़ने की उम्मीद है। यह प्रोजेक्ट करीब 35 एकड़ में फैला हुआ है। इसके पहले चरण में तीन ऑफिस बिल्डिंग पूरी हो चुकी हैं, जबकि दूसरे चरण में एक रिटेल मॉल और चार ऑफिस बिल्डिंग का निर्माण चल रहा है। ऐसे में इस इलाके में आने वाले समय में ट्रैफिक बढ़ सकता है। इसी वजह से पहले से ट्रैफिक इंफ्रास्ट्रक्चर को बेहतर करने की जरूरत महसूस की जा रही है।
प्रस्तावित अंडरपास और अन्य रोड स्ट्रक्चर के जरिए दिल्ली-गुड़गांव के बीच ट्रैफिक फ्लो को व्यवस्थित करने की कोशिश की जाएगी। शंकर चौक और साइबर सिटी के आसपास ट्रैफिक दबाव कम होने से वाहन चालकों को राहत मिलने की उम्मीद है। इसके साथ ही गोल्फ कोर्स रोड और सर्विस रोड की क्षमता बढ़ाने की योजना भी ट्रैफिक प्रबंधन को मजबूत कर सकती है। इन परियोजनाओं का अंतिम उद्देश्य बढ़ते वाहनों के दबाव के बीच सड़क नेटवर्क को अधिक प्रभावी बनाना और रोजाना लगने वाले जाम से लोगों को राहत दिलाना है।


