आदेश के बाद भी न्यूयॉर्क में रुके रहे ईरानी राजनयिक, UN महासभा में पहुंचे थे

  • October 5, 2026
  • 0
  • 4 Views
संयुक्त राष्ट्र महासभा में ईरान के प्रतिनिधिमंडल और न्यूयॉर्क में रुके ईरानी राजनयिक

आदेश के बाद भी न्यूयॉर्क में रुके रहे दो राजनयिक

अमेरिकी विदेश विभाग ने सोमवार को न्यूयॉर्क स्थित ईरानी मिशन को निर्देश दिया था कि संयुक्त राष्ट्र महासभा में शामिल होने आए उसके प्रतिनिधिमंडल के सभी सदस्य अमेरिका से रवाना हो जाएं। ज्यादातर प्रतिनिधि अमेरिका छोड़कर चले गए, लेकिन दो ईरानी राजनयिक न्यूयॉर्क में ही रुके रहे। शुक्रवार को अमेरिकी अधिकारियों ने ईरानी मिशन को बताया कि उन्हें दोनों राजनयिकों के अब भी न्यूयॉर्क में मौजूद होने की जानकारी है। इसके बाद ईरान को दोबारा संदेश भेजकर दोनों राजनयिकों को तुरंत अमेरिका छोड़ने के लिए कहा गया। इसके बाद एक राजनयिक शुक्रवार रात न्यूयॉर्क से रवाना हुआ, जबकि दूसरा शनिवार सुबह वहां से चला गया। इस तरह अमेरिकी निर्देश के बाद दोनों राजनयिकों ने अंततः अमेरिका छोड़ दिया।

UN महासभा में शामिल होने न्यूयॉर्क पहुंचे थे

ईरान और अमेरिका के बीच तनाव तथा युद्ध की स्थिति के बावजूद ईरानी राष्ट्रपति मसूद पजशकियान संयुक्त राष्ट्र महासभा में शामिल होने न्यूयॉर्क पहुंचे थे। 23 सितंबर को उन्होंने दुनिया के सामने ईरान का पक्ष रखा और अमेरिका तथा इजराइल पर कई गंभीर आरोप लगाए। पजशकियान अपने भाषण में युद्ध में मारे गए बच्चों की तस्वीरें भी लेकर पहुंचे थे। उन्होंने कहा कि ईरान ने पिछले 200 साल में किसी देश पर हमला नहीं किया है, बल्कि उनका देश खुद आतंकवाद और हमलों का शिकार रहा है। ईरानी राष्ट्रपति ने अमेरिका और इजराइल पर ईरान के खिलाफ कार्रवाई करने का आरोप लगाया। उन्होंने अपने भाषण में ईरान की स्थिति और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर लगाए जा रहे आरोपों पर भी अपनी बात रखी।

ईरान ने परमाणु हथियार से किया इनकार

मसूद पजशकियान ने यह भी साफ किया कि ईरान परमाणु हथियार नहीं चाहता, लेकिन शांतिपूर्ण परमाणु तकनीक के इस्तेमाल का अधिकार नहीं छोड़ेगा। इसके अलावा उन्होंने पश्चिमी देशों के कथित दोहरे रवैये और ईरान पर लगाए गए प्रतिबंधों को लेकर भी सवाल उठाए। उनका कहना था कि ईरान शांतिपूर्ण परमाणु तकनीक के इस्तेमाल के अपने अधिकार से पीछे नहीं हटेगा।

इस बीच अमेरिका ने न्यूयॉर्क में मौजूद दो ईरानी राजनयिकों को देश छोड़ने के लिए दोबारा संदेश भेजा। दोनों राजनयिकों के अमेरिका से रवाना होने के बाद यह मामला सामने आया कि वे आदेश के बावजूद कुछ समय तक न्यूयॉर्क में मौजूद रहे थे। ईरान और अमेरिका के बीच तनाव के बीच संयुक्त राष्ट्र महासभा का यह घटनाक्रम दोनों देशों के बीच चल रहे राजनयिक तनाव को भी सामने लाता है।